कोलकाता के ईडन गार्डन्स क्रिकेट स्टेडियम का नाम शहीद खुदीराम बोस के नाम पर रखने से बंगाल को गौरव और सम्मान मिलेगा तथा देश-विदेश से आने वाले लाखों क्रिकेट प्रेमियों के बीच शहीद खुदीराम बोस की पहचान और उनके बलिदान का संदेश पहुंचेगा। नई पीढ़ी उनके साहस, देशभक्ति और त्याग से प्रेरणा ले सकेगी … सुमन शील।

शहीद खुदीराम बोस के बलिदान दिवस के अवसर पर सामाजिक कार्यकर्ता एवं छत्तीसगढ़ बंगाली मित्र समाज के प्रदेश अध्यक्ष सुमन शील ने एक बार फिर वर्षों पुरानी मांग को उठाते हुए पश्चिम बंगाल के वर्तमान मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी जी को पत्र भेजकर कोलकाता के प्रसिद्ध ईडन गार्डन्स क्रिकेट स्टेडियम का नाम शहीद खुदीराम बोस के नाम पर करने की मांग की है।सुमन शील ने कहा कि ईडन गार्डन्स जैसे विश्वप्रसिद्ध क्रिकेट स्टेडियम का नाम शहीद खुदीराम बोस के नाम पर रखा जाता है, तो यह पूरे बंगाल के लिए गौरव और सम्मान की बात होगी। इससे देश-दुनिया में खुदीराम बोस की पहचान और अधिक मजबूत होगी तथा क्रिकेट के माध्यम से लाखों लोग उनके नाम और उनके महान बलिदान से परिचित होंगे।महज 19 वर्ष की उम्र में देश की आजादी के लिए अपने प्राणों का बलिदान देने वाले खुदीराम बोस के साहस, देशभक्ति और त्याग को नई पीढ़ी तक पहुंचाने का यह एक प्रभावी माध्यम बन सकता है। स्टेडियम के नाम के साथ उनका नाम जुड़ना केवल नामकरण नहीं, बल्कि बंगाल के महान क्रांतिकारी को स्थायी सम्मान देने का प्रतीक होगा।उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी की सरकार होने के बावजूद यदि शहीद खुदीराम बोस के सम्मान में ऐसी पहल नहीं होती, तो यह अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण होगा। सरकार को इस वर्षों पुरानी मांग पर गंभीरता से विचार कर ईडन गार्डन्स का नाम शहीद खुदीराम बोस के नाम पर करने की दिशा में पहल करनी चाहिए।खुदीराम बोस का नाम जितना अधिक लोगों तक पहुंचेगा, उतनी ही अधिक युवा पीढ़ी उनके साहस और देशभक्ति से प्रेरणा लेगी।









